बूंदी। बदलते मौसम के साथ मौसमी बीमारियों के बढ़ते खतरे को देखते हुए चिकित्सा विभाग ने दवाइयों की उपलब्धता और आपूर्ति व्यवस्था को लेकर निगरानी तेज कर दी है। इसी क्रम में बुधवार को जिला कलेक्टर हरफूल सिंह यादव के निर्देशन में सीएमएचओ डॉ. ओपी सामर ने जिला औषधि भंडार का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने दवाइयों के स्टॉक, भंडारण व्यवस्था, कोल्ड चेन मेंटेनेंस और चिकित्सा संस्थानों तक दवाइयों की आपूर्ति की स्थिति का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान डॉ. सामर ने जिला औषधि भंडार में उपलब्ध दवाइयों के स्टॉक और उनके रखरखाव की व्यवस्थाओं की बारीकी से जांच की। साथ ही दवाइयों की पाइपलाइन में उपलब्धता और जिले के विभिन्न चिकित्सा संस्थानों में दवाइयों की स्थिति की जानकारी ली। निरीक्षण में व्यवस्थाएं सुचारू एवं संतोषजनक पाई गईं।
सीएमएचओ ने अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्देश दिए कि दवाइयों के भंडारण में निर्धारित मानकों का पूरी तरह पालन किया जाए। विशेष रूप से कोल्ड चेन से संबंधित दवाइयों को तय तापमान पर सुरक्षित रखने और उनके रखरखाव में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि बदलते मौसम में वायरल फीवर, स्क्रब टायफस, मलेरिया और डेंगू जैसी बीमारियों के मरीज सामने आने की आशंका रहती है। ऐसे में सभी चिकित्सा संस्थानों पर आवश्यक दवाइयों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करना जरूरी है, ताकि मरीजों को समय पर उपचार मिल सके और दवाइयों की कमी के कारण किसी प्रकार की परेशानी नहीं हो।
डॉ. सामर ने दवाइयों के स्टॉक की नियमित मॉनिटरिंग करने, समय पर डिमांड भेजने और आपूर्ति व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि जिला औषधि भंडार से जिले के सभी चिकित्सा संस्थानों तक दवाइयों की आपूर्ति निरंतर बनी रहनी चाहिए। उपलब्ध स्टॉक का उचित संधारण किया जाए और किसी भी स्तर पर दवाइयों की कमी की स्थिति उत्पन्न नहीं होने दी जाए।
निरीक्षण के दौरान जिला औषधि भंडार का समस्त स्टाफ उपस्थित रहा।
