बूंदी, 13 अक्टूबर | नागरिक अभिव्यक्ति। अंतरराष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण दिवस के अवसर पर माय भारत केंद्र, युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय, भारत सरकार की ओर से राजकीय कन्या महाविद्यालय, बूंदी में जागरूकता एवं संवाद सत्र आयोजित किया गया। इस दौरान शैक्षणिक प्रतियोगिताओं के माध्यम से छात्राओं को आपदा से बचाव, पूर्व तैयारी, सतर्कता और जनसहभागिता के महत्व की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि अतिरिक्त जिला पुलिस अधीक्षक जसवीर मीणा रहे। अध्यक्षता महाविद्यालय के प्राचार्य संदीप यादव ने की। विशिष्ट अतिथि के रूप में आपदा प्रबंधन अनुभाग के प्रभारी लोकेश गुर्जर और एनएसएस जिला समन्वयक डॉ. आशुतोष बिरला मौजूद रहे।
आपदा के समय सतर्कता और त्वरित निर्णय जरूरी
मुख्य अतिथि जसवीर मीणा ने प्राकृतिक एवं मानवजनित आपदाओं के विभिन्न स्वरूपों की जानकारी देते हुए कहा कि आपदा के समय जागरूकता, समय पर निर्णय, उचित सावधानी और उपलब्ध संसाधनों का सही उपयोग जन-धन की हानि को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने छात्राओं को व्यक्तिगत सुरक्षा से जुड़े विषयों की जानकारी भी दी। साथ ही पुलिस की कालिका यूनिट और राजकोप सिटिजन ऐप की कार्यप्रणाली एवं उपयोगिता के बारे में बताया।
आपदा प्रबंधन अनुभाग के प्रभारी लोकेश गुर्जर ने अंतरराष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण दिवस की शुरुआत, इसके उद्देश्य और आपदा जोखिम कम करने की आवश्यकता पर प्रकाश डाला। उन्होंने आपदा प्रबंधन के विभिन्न चरणों की जानकारी देते हुए बताया कि जोखिमों की पहचान, समय रहते चेतावनी, आपदा से पहले तैयारी, संकट के दौरान त्वरित कार्रवाई तथा आपदा के बाद राहत और पुनर्वास प्रभावी प्रबंधन के प्रमुख अंग हैं।
युवाओं की भागीदारी राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण
एनएसएस जिला समन्वयक डॉ. आशुतोष बिरला ने कार्यक्रम का प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। उन्होंने माय भारत और एनएसएस की युवा सहभागिता आधारित गतिविधियों की जानकारी देते हुए राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि युवाओं की ऊर्जा, अनुशासन और सामाजिक उत्तरदायित्व को सकारात्मक दिशा देना समय की आवश्यकता है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्राचार्य संदीप यादव ने कहा कि आपदा प्रबंधन से जुड़ी जानकारी प्रत्येक विद्यार्थी के लिए उपयोगी है। उन्होंने छात्राओं से सीखी गई बातों को अपने परिवार और समाज तक पहुंचाने तथा अन्य लोगों को भी सुरक्षा और जागरूकता के प्रति प्रेरित करने का आह्वान किया।
प्रश्नोत्तरी में छात्राओं ने उत्साह से लिया भाग
विशेषज्ञों के संवाद सत्र के बाद आपदा जोखिम न्यूनीकरण विषय पर प्रश्नोत्तरी आयोजित की गई। इसमें छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर अपनी जानकारी और जागरूकता का परिचय दिया। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली छात्राओं को पुरस्कार देकर प्रोत्साहित किया गया।
कार्यक्रम का संचालन माय भारत स्वयंसेवक गोविंद प्रजापत ने किया। आयोजन का उद्देश्य छात्राओं को आपदा के प्रति जागरूक बनाना और सुरक्षित समाज के निर्माण में उनकी सक्रिय भागीदारी को प्रोत्साहित करना रहा।
