बूंदी। चंबल नहरों के टेल क्षेत्र में सिंचाई के पानी की समस्या को लेकर 19 गांवों के किसान 25 अक्टूबर को महापंचायत करेंगे। महापंचायत सुबह 10 बजे बड़ाखेड़ा-माखीदा मेन रोड स्थित भैरूजी के बाग में आयोजित होगी। इसमें ईआरसीपी (पूर्वी राजस्थान नहर परियोजना) के माध्यम से क्षेत्र की नहरों में पर्याप्त पानी उपलब्ध कराने की मांग उठाई जाएगी। महापंचायत की तैयारियों को लेकर किसान गांव-गांव जनसंपर्क कर रहे हैं।
महापंचायत में कोटा खुर्द, गोहाटा, लबान, बगली, बहड़ावली, खाखटा, माखीदा, सामरा, पिपल्दा थाना, बसवाड़ा, पाली, कांकरामेज, करीरिया, बड़ाखेड़ा, जाड़ला, पापड़ी, खरायता, रामगंज और लबान स्टेशन गांवों के किसानों के शामिल होने की संभावना है।
समय पर पानी नहीं मिलने से खेती प्रभावित
किसानों का कहना है कि चंबल परियोजना की नहरों से टेल क्षेत्र के गांवों तक समय पर सिंचाई का पानी नहीं पहुंचने के कारण हर वर्ष खेती प्रभावित होती है। पानी की कमी से फसलों की बुवाई और उत्पादन पर असर पड़ता है, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है।
किसानों की मांग है कि ईआरसीपी परियोजना के माध्यम से क्षेत्र की नहरों में पर्याप्त पानी उपलब्ध कराया जाए, ताकि करीब 50 हजार बीघा कृषि भूमि को सिंचाई का लाभ मिल सके। इससे रबी और खरीफ की फसलों की समय पर बुवाई सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।
मांगों को लेकर एकजुट होंगे किसान
महापंचायत में किसान सिंचाई से जुड़ी समस्याओं को उठाकर अपनी मांग सरकार तक पहुंचाएंगे। आयोजन को सफल बनाने के लिए गांवों में संपर्क अभियान चलाया जा रहा है। आयोजकों ने क्षेत्र के किसानों और जनप्रतिनिधियों से अधिकाधिक संख्या में महापंचायत में पहुंचने की अपील की है। किसानों का कहना है कि टेल क्षेत्र में सिंचाई के पानी की समस्या का स्थायी समाधान होने से हजारों बीघा कृषि भूमि को लाभ मिल सकता है।
