बूंदी, 15 सितंबर। इस वर्ष राष्ट्रीय पोषण माह को ‘हमारी आंगनबाड़ी, हमारी जिम्मेदारी’ थीम के साथ जनभागीदारी आधारित जनआंदोलन के रूप में मनाया जा रहा है। महिला एवं बाल विकास विभाग की ओर से 8 अक्टूबर 2026 तक आंगनबाड़ी केन्द्रों, ग्राम पंचायतों और ब्लॉक स्तर पर विभिन्न पोषण एवं जागरूकता गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा।
महिला एवं बाल विकास विभाग की उपनिदेशक ऋचा चतुर्वेदी ने बताया कि पोषण माह का प्रमुख उद्देश्य आंगनबाड़ी केन्द्रों को पोषण, स्वास्थ्य और प्रारंभिक बाल विकास के क्षेत्र में अधिक सशक्त बनाना है। अभियान के दौरान आहार विविधता एवं पर्याप्त प्रोटीन, आंगनबाड़ी केन्द्रों पर ताजा एवं गरम पका भोजन, सामुदायिक स्वामित्व एवं जवाबदेही, पोषण एवं प्रारंभिक बाल विकास तथा प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना सहित पांच प्रमुख विषयों पर विशेष गतिविधियां आयोजित की जाएंगी।
परिवार और समुदाय की भागीदारी पर जोर
अभियान में परिवारों, अभिभावकों, आंगनबाड़ी प्रबंधन समितियों, स्वयं सहायता समूहों और समुदाय के सदस्यों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। आंगनबाड़ी केन्द्रों पर पोषण जागरूकता के साथ विविध एवं स्थानीय खाद्य पदार्थों को बढ़ावा देने तथा बच्चों के पोषण, स्वास्थ्य और प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल से संबंधित गतिविधियां आयोजित की जाएंगी।
आंगनबाड़ी केन्द्रों पर उपलब्ध कराए जाने वाले गरम पके भोजन की गुणवत्ता और वितरण व्यवस्था की सामुदायिक सहभागिता से निगरानी पर भी विशेष जोर दिया जाएगा। इससे केन्द्रों के संचालन, सेवा वितरण और जवाबदेही को और मजबूत करने में मदद मिलेगी।
विभाग के अनुसार पोषण माह की सफलता केवल सरकारी प्रयासों से नहीं, बल्कि परिवार और समुदाय की सक्रिय सहभागिता से ही सुनिश्चित होगी। अभियान के माध्यम से बच्चों को संतुलित एवं विविध आहार के प्रति जागरूक करने, गुणवत्तापूर्ण पोषण सेवाएं उपलब्ध कराने और प्रारंभिक बाल विकास को बढ़ावा देने का प्रयास किया जाएगा। साथ ही अभिभावकों को बच्चों के पोषण और स्वास्थ्य से जुड़ी उपयोगी जानकारी भी दी जाएगी।
