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पंचायत चुनाव ड्यूटी से छुट्टी लेना आसान नहीं, बूंदी में मेडिकल बोर्ड गठित

चिकित्सा अवकाश के आवेदनों की होगी जांच, स्वास्थ्य परीक्षण और बोर्ड की सिफारिश के आधार पर होगा फैसला

संवाददाता
विशेष संवाददाता विशेष रिपोर्टर
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पंचायत चुनाव ड्यूटी से छुट्टी लेना आसान नहीं, बूंदी में मेडिकल बोर्ड गठित
पंचायत चुनाव ड्यूटी से छुट्टी लेना आसान नहीं, बूंदी में मेडिकल बोर्ड गठित
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बूंदी। पंचायतीराज आम चुनाव-2026 के दौरान निर्वाचन ड्यूटी में नियुक्त कार्मिकों के चिकित्सा अवकाश आवेदनों की जांच के लिए बूंदी में मेडिकल बोर्ड का गठन किया गया है। चुनाव ड्यूटी से मुक्ति या स्वास्थ्य कारणों से अवकाश मांगने वाले कार्मिकों का बोर्ड के माध्यम से स्वास्थ्य परीक्षण किया जाएगा। बोर्ड की रिपोर्ट और सिफारिश के आधार पर ही संबंधित कार्मिक के अवकाश पर अंतिम निर्णय लिया जाएगा।

उप जिला निर्वाचन अधिकारी एवं अतिरिक्त जिला कलक्टर एच.डी. सिंह ने बताया कि चुनाव प्रक्रिया के दौरान कई बार कार्मिक स्वास्थ्य संबंधी कारणों का हवाला देकर चिकित्सा अवकाश के लिए आवेदन करते हैं। ऐसे मामलों में पारदर्शिता बनाए रखने और आवेदनों की वास्तविकता की जांच करने के उद्देश्य से प्रमुख चिकित्सा अधिकारी की ओर से मेडिकल बोर्ड गठित किया गया है।

विशेषज्ञ चिकित्सक करेंगे स्वास्थ्य परीक्षण

मेडिकल बोर्ड में विभिन्न विशेषज्ञताओं के चिकित्सकों को शामिल किया गया है। इसमें मेडिकल ज्यूरिस्ट डॉ. आशीष शर्मा, वरिष्ठ विशेषज्ञ (मेडिसिन) डॉ. पवन भारद्वाज अथवा डॉ. अनिल जांगिड़, वरिष्ठ विशेषज्ञ (अस्थि रोग) डॉ. धनराज मीणा और चिकित्सा अधिकारी (अस्थि रोग) डॉ. रोहित पहाड़िया शामिल हैं।

बोर्ड संबंधित कार्मिकों की स्वास्थ्य स्थिति का परीक्षण कर चिकित्सा अवकाश के आवेदनों की जांच करेगा। इसके बाद अपनी रिपोर्ट और सिफारिश प्रस्तुत करेगा।

रिपोर्ट के आधार पर होगा अंतिम निर्णय

निर्वाचन अधिकारियों के अनुसार, चुनाव ड्यूटी से मुक्ति या चिकित्सा अवकाश के लिए आवेदन करने वाले कार्मिकों को मेडिकल बोर्ड के समक्ष स्वास्थ्य परीक्षण करवाना होगा। बोर्ड की रिपोर्ट और अनुशंसा के आधार पर ही अवकाश स्वीकृत करने या आवेदन पर अन्य निर्णय लेने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।

इस व्यवस्था का उद्देश्य निर्वाचन कार्य में पारदर्शिता बनाए रखने के साथ चुनाव ड्यूटी के लिए नियुक्त कार्मिकों की उपलब्धता सुनिश्चित करना है, ताकि पंचायतीराज आम चुनाव-2026 की प्रक्रिया सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराई जा सके।

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लेखक

विशेष संवाददाता

नागरिक अभिव्यक्ति विशेष डिजिटल रिपोर्टर एवं विश्लेषक।

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