नागरिक अभिव्यक्ति । बूंदी
बूंदी। शहर में चल रही राज्य स्तरीय हॉकी प्रतियोगिता के चौथे दिन रविवार को मैदान पर रोमांच चरम पर रहा। चित्तौड़गढ़-बालोतरा और जयपुर प्रथम-जैसलमेर के बीच हुए लीग मुकाबलों में खिलाड़ियों ने जोरदार खेल दिखाया। मुकाबले इतने कड़े रहे कि दोनों टीमों के स्कोर बराबरी पर रहे। मैच देखने के लिए मैदान के बाहर बड़ी संख्या में दर्शक जुटे और हूटिंग कर खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाते रहे।
कंट्रोल रूम के अनुसार लीग मुकाबले में खैरथल-तिजारा ने भरतपुर को 4-0 से हराया। इसके अलावा कोटा, जालौर, डूंगरपुर, बीकानेर, टोंक, राजसमंद, बांसवाड़ा और बूंदी की टीमों ने भी अपने-अपने मुकाबले जीते।
प्रतियोगिता की व्यवस्थाओं में बड़ी संख्या में शारीरिक शिक्षक जुटे हुए हैं। शिवराज खींची, रवि गौतम, संजय पांडेय, रामप्रताप सिंह, मनोज आर्य, हरगोविंद धाबाई, रतिराम गुर्जर, महावीर जैन, अंज़ार अहमद, विजयभान सिंह, भूपेंद्र सिंह, सुमित आर्य और हितेश खींची सहित शिक्षक मैदानों पर व्यवस्थाएं संभाल रहे हैं। रजिस्ट्रेशन और प्रमाण-पत्र तैयार करने का काम भी टीमों द्वारा किया जा रहा है।
संयोजक रविंद्र दाधीच और सहसंयोजक हरिराम मीणा ने बताया कि प्रत्येक मैदान पर प्रभारी के रूप में प्रधानाचार्य और टीम लगाई गई है, ताकि प्रतियोगिता की व्यवस्थाओं में कोई बाधा नहीं आए।
70 के दशक में श्रीलंका को हराया था बूंदी ने
बूंदी में हॉकी का इतिहास भी गौरवशाली रहा है। पूर्व खिलाड़ी कालूलाल जांगिड़ के अनुसार 1970 के दशक में पुलिस परेड ग्राउंड में बूंदी और श्रीलंका की टीम के बीच मैत्री मैच हुआ था। बूंदी की टीम की कप्तानी सूरजीत सिंह ने की थी। टीम में स्थानीय खिलाड़ी मांगीलाल, राजकुमार और राजाराम भी शामिल थे। बूंदी ने उस मुकाबले में श्रीलंका की टीम को हराया था।
जांगिड़ के अनुसार सूरजीत सिंह बूंदी के बेहतरीन हॉकी खिलाड़ियों में रहे। उनकी स्ट्राइक इतनी तेज होती थी कि गेंद मैदान के एक छोर से दूसरे छोर तक पहुंच जाती थी।
सुपर लीग में भीलवाड़ा की जीत
रविवार शाम सुपर लीग के मुकाबले शुरू हुए। पहले मैच में भीलवाड़ा ने उदयपुर को 3-0 से हराया। दूसरे मुकाबले में अजमेर और गंगानगर की टीमें 1-1 से बराबरी पर रहीं। प्रतियोगिता के दौरान अंपायर, रेफरी, चयन समिति के सदस्य और शारीरिक शिक्षक व्यवस्थाओं में जुटे रहे।
