कोटा, 21 अक्टूबर। कोटा के 133वें राष्ट्रीय दशहरा मेला-2026 में रावण दहन कार्यक्रम को आकर्षक और प्रभावशाली बनाने में योगदान देने वाले पुतला निर्माता और उनकी टीम को नगर निगम की ओर से सम्मानित किया गया। बुधवार को नगर निगम ने कारीगरों को प्रशंसा पत्र प्रदान कर उनके कार्य की सराहना की।
महापौर अनुसुईया गोस्वामी और नगर निगम आयुक्त एवं मेला अधिकारी ओमप्रकाश मेहरा ने रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के विशालकाय पुतलों के निर्माण, उनकी साज-सज्जा और गुणवत्ता की प्रशंसा की। निगम प्रशासन ने कहा कि पुतला निर्माण टीम ने समयबद्ध तरीके से काम पूरा कर दशहरा मेले के प्रमुख आयोजन को आकर्षक बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
तय समय से पहले पूरा किया निर्माण कार्य
महापौर अनुसुईया गोस्वामी ने पुतलों की कलात्मकता, बनावट और सजावट की सराहना करते हुए कहा कि तीनों पुतलों का निर्माण निर्धारित समय सीमा से पहले पूरा कर लिया गया था। इसके बाद उन्हें दहन स्थल पर सुरक्षित तरीके से स्थापित किया गया। इससे मेले में पहुंचे हजारों शहरवासियों, श्रद्धालुओं और पर्यटकों को पुतलों की कलात्मकता देखने का अवसर मिला।
दहन और आतिशबाजी ने खींचा दर्शकों का ध्यान
दशहरा मेले के मुख्य आयोजन में रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतलों का क्रमबद्ध दहन आकर्षण का केंद्र रहा। इसके साथ हुई आतिशबाजी ने भी दर्शकों का ध्यान खींचा। आयोजन को व्यवस्थित बनाने में पुतला निर्माण टीम की भूमिका महत्वपूर्ण रही।
नगर निगम प्रशासन ने टीम के कार्यकौशल, समयबद्धता और प्रबंधन की सराहना करते हुए उम्मीद जताई कि भविष्य में भी कारीगर इसी लगन और समर्पण के साथ अपनी सेवाएं देते रहेंगे।
