कोटा, 30 अक्टूबर। राष्ट्रीय दशहरा मेला 2026 के तहत किसान रंगमंच पर आयोजित सांस्कृतिक संध्या में बुधवार को कला, संस्कृति और स्वच्छता जागरूकता का संगम देखने को मिला। रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से कलाकारों ने दर्शकों का मनोरंजन करने के साथ शहर को स्वच्छ बनाए रखने का संदेश भी दिया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में महापौर अनुसूइया गोस्वामी और विशिष्ट अतिथि पार्षद सुनीता नायक मौजूद रहीं। अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर सांस्कृतिक संध्या का शुभारंभ किया।
इस अवसर पर महापौर अनुसूइया गोस्वामी ने कहा कि दशहरा मेला केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं, बल्कि सांस्कृतिक विरासत को आगे बढ़ाने और सामाजिक जागरूकता का भी सशक्त मंच है। उन्होंने शहरवासियों से कोटा को स्वच्छ और सुंदर बनाने में सहयोग करने की अपील की।
गीतों और नृत्य के जरिए स्वच्छता का संदेश
सांस्कृतिक संध्या का प्रमुख आकर्षण स्वच्छता पर आधारित विशेष प्रस्तुतियां रहीं। कलाकारों ने ‘गाड़ी वाला आया घर से कचरा निकाल’ जैसे लोकप्रिय स्वच्छता गीतों पर नृत्य और नाट्य प्रस्तुतियां दीं। प्रस्तुतियों के जरिए आमजन को कचरे के उचित निस्तारण और साफ-सफाई के प्रति जागरूक किया गया।
स्थानीय और बाहरी कलाकारों ने राजस्थानी लोकनृत्य, सुगम संगीत और सामाजिक चेतना से जुड़ी विभिन्न प्रस्तुतियां दीं। कलाकारों की प्रस्तुतियों पर दर्शकों ने तालियों के साथ उत्साहवर्धन किया।
सूखा-गीला कचरा अलग रखने की अपील
मंच के माध्यम से लोगों को सूखा और गीला कचरा अलग-अलग रखने तथा अपने घरों और आसपास के क्षेत्रों में स्वच्छता बनाए रखने के लिए प्रेरित किया गया। सांस्कृतिक कार्यक्रमों के जरिए स्वच्छता का संदेश देने की इस पहल को दर्शकों ने सराहा।
