नागरिक अभिव्यक्ति । कोटा
कोटा के 133वें राष्ट्रीय दशहरा मेले में लाइव प्रसारण, बड़ी एलईडी स्क्रीन लगाने और झूलों के लिए जमीन आवंटन की प्रक्रिया को लेकर सवाल उठे हैं। आम आदमी पार्टी ने जिला कलेक्टर को शिकायत देकर पिछले दो वर्षों के कार्यादेश, भुगतान और स्वीकृतियों की निष्पक्ष जांच कराने तथा भविष्य में पारदर्शी खुली ई-निविदा प्रक्रिया अपनाने की मांग की है।
आप के जिला अध्यक्ष राजू मिश्रा ने कहा कि मेले में लाइव प्रसारण और एलईडी स्क्रीन लगाने के काम पर पिछले वर्ष करीब 35 लाख रुपए और इस वर्ष लगभग 40 लाख रुपए खर्च किए जाने की जानकारी सामने आई है। उनका आरोप है कि पिछले दो वर्षों से यह काम खालसा स्टूडियो को पारदर्शी खुली निविदा प्रक्रिया के बिना दिए जाने की शिकायतें हैं।
मिश्रा ने कहा कि पूर्व में यूट्यूब चैनल संचालक अपने स्तर पर करीब 10 बड़ी एलईडी स्क्रीन लगाकर मेले का लाइव प्रसारण निशुल्क करते रहे हैं। ऐसे में सरकारी धन से किए जा रहे खर्च और उसकी लागत का औचित्य स्पष्ट होना चाहिए। पार्टी ने बाजार दरों के आधार पर लागत का मूल्यांकन कराने और अनियमितता मिलने पर जिम्मेदारी तय करने की मांग की है।
झूला आवंटन को लेकर भी पार्टी ने आरोप लगाया कि संचालकों से छह लाख रुपए मांगे जा रहे हैं, जबकि उन्हें चार लाख रुपए की स्लिप दी जा रही है। आप ने इस मामले की भी जांच कराने और एसीबी से जांच की मांग की है। इन आरोपों पर संबंधित पक्ष का जवाब सामने नहीं आया है।
