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मूंछ हों तो धन्नालाल जैसी: कोटा दशहरा मेले की प्रतियोगिता में साढ़े तीन फीट लंबी मूंछों ने खींचा ध्यान

13 प्रतिभागियों ने दिखाया मूंछों का दमखम, दीगोद के धन्नालाल गुर्जर रहे प्रथम; चेचट के रामकरण दूसरे और बारां के नरोत्तम तीसरे स्थान पर

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मूंछ हों तो धन्नालाल जैसी: कोटा दशहरा मेले की प्रतियोगिता में साढ़े तीन फीट लंबी मूंछों ने खींचा ध्यान
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कोटा, 2 नवंबर। राष्ट्रीय दशहरा मेला-2026 के तहत सोमवार को विजयश्री रंगमंच पर आयोजित मूंछ प्रतियोगिता में हाड़ौती संभाग के 13 प्रतिभागियों ने अपनी लंबी, घनी और आकर्षक मूंछों का प्रदर्शन किया।

प्रतियोगिता में किसी ने मूंछों से वजन उठाकर मजबूती दिखाई तो किसी ने इंच टेप से उनकी लंबाई नापकर दर्शकों को हैरान कर दिया। प्रतिभागियों के अलग-अलग अंदाज और मूंछों पर ताव देने के तरीके ने दर्शकों का खूब मनोरंजन किया।

प्रतियोगिता में निर्णायकों ने मूंछों की लंबाई, सुंदरता, मजबूती और बनावट के आधार पर अंक दिए। कड़े मुकाबले के बाद दीगोद के नरपत खेड़ी निवासी धन्नालाल गुर्जर ने पहला स्थान हासिल किया। चेचट के रामकरण दूसरे और बारां के नरोत्तम तीसरे स्थान पर रहे।

2004 से प्रतियोगिताओं में ले रहे हैं हिस्सा

प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले धन्नालाल गुर्जर ने बताया कि वे वर्ष 2004 से लगातार मूंछ प्रतियोगिताओं में भाग ले रहे हैं। इस दौरान वे हर बार कोई न कोई पुरस्कार जीतते रहे हैं। मूंछों की देखभाल के बारे में उन्होंने बताया कि वे रोजाना मूंछों को धोते हैं और उन पर शुद्ध सरसों के तेल तथा भैंस के दूध से मालिश करते हैं। उनका मानना है कि नियमित देखभाल से मूंछों की चमक, रंगत और मजबूती बनी हुई है। वर्तमान में उनकी एक तरफ की मूंछ की लंबाई करीब साढ़े तीन फीट है।

मां की सलाह को आज भी निभा रहे हैं

धन्नालाल की मूंछों के साथ एक पारिवारिक किस्सा भी जुड़ा है। उन्होंने बताया कि दादी के निधन के समय परिवार के अन्य भाइयों ने परंपरा के अनुसार दाढ़ी-मूंछें मुंडवा ली थीं, लेकिन उनकी मां ने उन्हें मूंछें नहीं कटवाने की सलाह दी थी। मां की उस सलाह और आशीर्वाद के बाद उन्होंने अपनी मूंछों को सहेजकर रखा।

धन्नालाल अब तक पुष्कर, नागौर, झालरापाटन, सांगोद और बूंदी सहित कई मेलों और समारोहों में आयोजित मूंछ प्रतियोगिताओं में पुरस्कार जीत चुके हैं। कोटा दशहरा मेले की प्रतियोगिता में पहला स्थान हासिल कर उन्होंने एक बार फिर अपनी पहचान कायम की।

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लेखक

विशेष संवाददाता

नागरिक अभिव्यक्ति विशेष डिजिटल रिपोर्टर एवं विश्लेषक।

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