कोटा। आगामी अनंत चतुर्दशी पर्व को देखते हुए गणेश प्रतिमा विसर्जन की व्यवस्थाओं को सुगम और पर्यावरण अनुकूल बनाने के लिए नगर निगम की तैयारियां तेज हो गई हैं। शनिवार को नगर निगम आयुक्त ओमप्रकाश मेहरा ने भीतरिया कुंड और मौजी बाबा गुफा क्षेत्र का निरीक्षण कर प्रतिमा विसर्जन सहित अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
आयुक्त मेहरा ने बताया कि भीतरिया कुंड क्षेत्र में छोटी गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन के लिए अस्थायी पोंड (कुंड) तैयार करने का कार्य शुरू कर दिया गया है। इन अस्थायी कुंडों में ही छोटी प्रतिमाओं का विसर्जन कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि भविष्य में विसर्जन व्यवस्था को स्थायी और व्यवस्थित बनाने के लिए भीतरिया कुंड के पुनर्विकास कार्य देख रहे आर्किटेक्ट के सुझाव के अनुसार स्थायी कुंड बनाने की योजना पर भी विचार किया जाएगा।
झांकियों की आवाजाही के लिए निर्माण कार्य रोका
आयुक्त ने बताया कि अनंत चतुर्दशी के दौरान निकलने वाली झांकियों और श्रद्धालुओं की आवाजाही में किसी तरह की बाधा न हो, इसके लिए मुख्य सिंहद्वार पर चल रहे निर्माण कार्य को फिलहाल रोकने के निर्देश दिए गए हैं।
निरीक्षण के दौरान भीतरिया कुंड के पुनर्विकास कार्य का भी जायजा लिया गया। निगम अधिकारियों के अनुसार परियोजना के तहत अब तक किया गया कार्य संतोषजनक पाया गया। आयुक्त ने पर्व के दौरान व्यवस्थाओं को ध्यान में रखते हुए आवश्यक तैयारियां समय पर पूरी करने के निर्देश दिए।
मौजी बाबा गुफा क्षेत्र में भी बनेगा अस्थायी कुंड
इसके बाद आयुक्त ओमप्रकाश मेहरा मौजी बाबा गुफा क्षेत्र पहुंचे। यहां भी गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन के लिए कृत्रिम अस्थायी कुंड का निर्माण कराया जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार यह कुंड अगले दो दिनों में तैयार हो जाएगा। इस क्षेत्र में आने वाली गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन इसी अस्थायी कुंड में कराया जाएगा।
आयुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निर्माण कार्य में तेजी लाने और निर्धारित समय में कुंड तैयार करने के निर्देश दिए, ताकि अनंत चतुर्दशी के दिन श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो।
क्वालिटी कंट्रोल लैब का औचक निरीक्षण
दौरे के अंत में निगम आयुक्त ने नगर निगम की ओर से स्थापित क्वालिटी कंट्रोल लैब का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने लैब में रखे सीमेंट-कंक्रीट क्यूब्स की मजबूती की जांच करवाई। जांच में निर्माण सामग्री की गुणवत्ता संतोषजनक पाई गई।
निरीक्षण के दौरान अधिशासी अभियंता संजय विजय और ए.क्यू. कुरैशी सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
