नागरिक अभिव्यक्ति । कोटा
कोटा। नगर निगम की बंधा धर्मपुरा स्थित गौशाला का रविवार सुबह महापौर अनुसुईया गोस्वामी और उपमहापौर विवेक राजवंशी ने बिना सूचना औचक निरीक्षण किया। दोनों करीब एक घंटे तक गौशाला परिसर में रहे और गोवंश के रखरखाव, चारे की गुणवत्ता तथा उपचार व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण में गौशाला में क्षमता से अधिक गोवंश होने के कारण जगह की कमी सामने आई। इस पर अधिकारियों को विस्तार कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए गए।
महापौर अनुसुईया गोस्वामी ने कहा कि नगर निगम की गौशाला को लेकर समय-समय पर नकारात्मक खबरें सामने आती हैं। ऐसे में बिना पूर्व सूचना निरीक्षण कर वास्तविक व्यवस्थाओं को देखने का प्रयास किया गया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि गौशाला में गोवंश के रखरखाव, भोजन और उपचार में किसी तरह की कमी नहीं रहनी चाहिए।
गर्भवती और बीमार गोवंश के लिए अलग व्यवस्था
उपमहापौर विवेक राजवंशी ने बताया कि निरीक्षण के दौरान गर्भवती और बीमार गोवंश के लिए अलग व्यवस्था मिली। गौशाला में दवाइयों की उपलब्धता पर्याप्त पाई गई और बीमार गोवंश का उपचार किया जा रहा था। गोवंश को दिए जा रहे भूसे की गुणवत्ता भी संतोषजनक मिली।
हालांकि खल-चूरी की गुणवत्ता में मामूली कमी सामने आई। इस पर संबंधित कार्मिकों को तत्काल सुधार के निर्देश दिए गए।
क्षमता बढ़ाने पर जोर
महापौर ने बताया कि वर्तमान क्षमता की तुलना में गौशाला में अधिक गोवंश होने के कारण जगह की समस्या बनी हुई है। इसे देखते हुए गौशाला के विस्तार कार्य को गति देने के निर्देश अधिकारियों को दिए गए हैं। साथ ही भविष्य में गोवंश की संख्या के अनुरूप पर्याप्त स्थान और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया।
