कोटा।अनंत चतुर्दशी जुलूस के दौरान कोटा शहर पुलिस की ओर से गठित स्पेशल ड्रोन यूनिट ‘दिव्य दृष्टि’ ने सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पुलिस अधीक्षक तेजस्वनी गौतम की प्रेरणा से गठित इस विशेष यूनिट ने जुलूस मार्ग और आसपास के क्षेत्रों की ड्रोन के माध्यम से निगरानी की।
‘सजग, सतर्क, सर्वत्र’ के ध्येय वाक्य के साथ काम कर रही ‘दिव्य दृष्टि’ यूनिट का उद्देश्य आधुनिक तकनीक के माध्यम से पुलिस की निगरानी क्षमता को मजबूत करना है। अनंत चतुर्दशी के दौरान ड्रोन से लगातार मॉनिटरिंग कर भीड़ और जुलूस की गतिविधियों पर नजर रखी गई।
पुलिस के अनुसार, आने वाले दिनों में इस ड्रोन यूनिट का उपयोग अपराध की रोकथाम, कानून-व्यवस्था की निगरानी और विभिन्न सुरक्षा व्यवस्थाओं में भी किया जाएगा। ड्रोन तकनीक के जरिए पुलिस को संवेदनशील एवं भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों की निगरानी में अतिरिक्त सहायता मिलने की उम्मीद है।
NSS और NCC के विद्यार्थियों ने भी संभाली जिम्मेदारी
इस बार अनंत चतुर्दशी जुलूस की पुलिस बंदोबस्त ड्यूटी में राजस्थान टेक्निकल यूनिवर्सिटी (RTU)और कोटा विश्वविद्यालय के NSS एवं NCC से जुड़े छात्र-छात्राओं ने भी सहयोग किया। विद्यार्थियों ने पुलिस के साथ सुरक्षा एवं व्यवस्था बनाए रखने में अपनी भूमिका निभाई।
अनंत चतुर्दशी जुलूस के दौरान पुलिस की पारंपरिक सुरक्षा व्यवस्था के साथ तकनीक और युवा स्वयंसेवकों की भागीदारी भी देखने को मिली। इससे जुलूस की निगरानी और व्यवस्थाओं को संचालित करने में पुलिस को अतिरिक्त सहयोग मिला।
