कोटा। शिक्षकों की पदोन्नति, वेतनमान, अवकाश और समयबद्ध डीपीसी सहित विभिन्न समस्याओं के निराकरण की मांग राजस्थान प्राथमिक एवं माध्यमिक शिक्षक संघ के दो दिवसीय शैक्षिक सम्मेलन में उठी। राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय केशवपुरा सेक्टर-6 में आयोजित सम्मेलन के शुभारंभ सत्र में वक्ताओं ने छात्रहित में शैक्षिक वातावरण बेहतर बनाने के साथ शिक्षकों की समस्याओं का समय पर समाधान करने पर जोर दिया।
मुख्य अतिथि अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ (एकीकृत) के पूर्व जिलाध्यक्ष हरि सुदन शर्मा ने शिक्षकों से संगठन में नियमित सक्रिय रहने का आह्वान किया। उन्होंने शिक्षक और कर्मचारी हित में संघ तथा महासंघ की ओर से किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी।
शिक्षाविद् एवं पूर्व प्रधानाचार्य रमेश नागर ने विद्यालयों की असुविधाओं से विभाग और सरकार को नियमित अवगत कराने की जरूरत बताई। महासंघ के पूर्व जिलाध्यक्ष रमेश चंद्र शर्मा ने वेतनमान, पदोन्नति और अवकाश संबंधी समस्याओं तथा इनके समाधान के प्रयासों पर चर्चा की।
संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष महेंद्र नागर ने सदस्यता अभियान को गति देने की अपील की। पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष एवं प्रधानाचार्य लेखराज कसाना ने शिक्षकों से कर्तव्यनिष्ठ रहकर विद्यार्थियों के विकास और विद्यालय के शैक्षिक वातावरण को बेहतर बनाने का आह्वान किया। सत्र में गैर शैक्षणिक कार्यों, शिक्षकों की कमी और विद्यालयों में भौतिक संसाधनों के अभाव का मुद्दा भी उठाया गया।
जिलाध्यक्ष धनराज नागर ने संगठन की गतिविधियों का प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। पूर्व जिलाध्यक्ष हनुमान नागर ने अतिथियों का स्वागत किया। जिला मंत्री बालेंद्र चौधरी और जिला संयोजक महावीर शर्मा ने आयोजन में सहयोग करने वाले पदाधिकारियों का आभार जताया।
