सुल्तानपुर | नागरिक अभिव्यक्ति। पंचायतीराज चुनाव 2026 को लेकर सुल्तानपुर पंचायत समिति क्षेत्र में राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। पंचायत समिति के 21 वार्डों में चुनावी मुकाबले की तस्वीर धीरे-धीरे स्पष्ट हो रही है। नामांकन पत्रों की जांच के बाद 8 फॉर्म निरस्त कर दिए गए, जबकि 59 नामांकन पत्र शेष हैं। बुधवार, 14 अक्टूबर को नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी होनी है, जिसके बाद चुनावी मुकाबले की स्थिति और स्पष्ट होगी।
भाजपा के 21 वार्डों के प्रत्याशियों की सूची सामने आई
पंचायत समिति चुनाव को लेकर भाजपा ने सभी 21 वार्डों के प्रत्याशियों की सूची सामने रखी है। सूची में वार्ड संख्या 1 से 21 तक के उम्मीदवार शामिल हैं। अब प्रत्याशियों और उनके समर्थकों की नजर नाम वापसी की प्रक्रिया पर टिकी है। नाम वापसी के बाद यह स्पष्ट होगा कि किस वार्ड में कितने उम्मीदवार चुनाव मैदान में रहेंगे।
प्रधान पद एसटी वर्ग के लिए आरक्षित
सुल्तानपुर पंचायत समिति में प्रधान पद अनुसूचित जनजाति (एसटी) वर्ग के लिए आरक्षित है। इस आरक्षण के चलते प्रधान पद को लेकर भी राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। पंचायत समिति चुनाव के परिणामों के साथ-साथ प्रधान पद के संभावित दावेदारों को लेकर भी क्षेत्र में चर्चा जारी है।
नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद चुनावी तस्वीर साफ होगी और विभिन्न वार्डों में उम्मीदवारों के बीच मुकाबले की स्थिति सामने आएगी।
भाजपा प्रत्याशियों की वार्डवार सूची
वार्ड 1: पूजा बैरवा
वार्ड 2: राजेंद्र मीणा
वार्ड 3: जगदीश प्रसाद मेघवाल
वार्ड 4: डोली बाई मीणा
वार्ड 5: भीमराज मीणा
वार्ड 6: हेमराज मेघवाल
वार्ड 7: प्रदीप कुमार
वार्ड 8: मनोज तिवारी
वार्ड 9: हरिओम मेघवाल
वार्ड 10: अनीता बाई
वार्ड 11: भूपेंद्र गोचर
वार्ड 12: ज्योति कुमारी नाथावत
वार्ड 13: रिंकू बैरवा
वार्ड 14: सुरेश कुमार
वार्ड 15: कमलेश
वार्ड 16: कमलेश बाई
वार्ड 17: प्रदीप कुमार
वार्ड 18: चेतराम मीणा
वार्ड 19: अनुराधा
वार्ड 20: सीमा बाई
वार्ड 21: कविता कुमारी
प्रधान पद पर रहेंगी निगाहें
सुल्तानपुर पंचायत समिति की 21 सीटों पर होने वाला चुनाव राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रधान का पद एसटी वर्ग के लिए आरक्षित होने के कारण चुनाव परिणाम के साथ ही प्रधान पद के दावेदारों पर भी सबकी नजरें रहेंगी। नामांकन पत्रों की जांच के बाद 59 फॉर्म शेष रहने से अब चुनावी मुकाबले की तस्वीर और स्पष्ट होने लगी है।
